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बी के एम विश्वास स्कूल में आज नए शैक्षणिक सत्र 2026 -27 का शुभारंभ

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नव प्रवेशी व पुराने विद्यार्थियों का तिलक लगाकर स्वागत किया गया

सिटीन्यूज़ नॉउ

पंचकुला: विद्यालय परिसर को रंग-बिरंगे गुब्बारो, स्वागत सामग्री व स्वागत संदेशों से आकर्षक रूप दिया गया। बच्चों के मनोरंजन के लिए कार्टून कैरेक्टर व टॉय ट्रेन का प्रबंध किया गया। विद्यार्थियों ने स्कूल परिसर में स्वामी विश्वास जी के चरणों में पुष्प अर्पित करते हुए और उनका आशीर्वाद लेते हुए रिबन कटिंग सेरेमनी के साथ अपनी कक्षाओं में प्रवेश किया ।

शुरुआत प्रार्थना सभा से हुई जिसमें मेडिटेशन के साथ विद्यार्थियों ने स्कूल में अनुशासन, नैतिक मूल्यों का पालन करने का प्रण लिया । स्कूल की डायरेक्टर माननीय साध्वी नीलिमा विश्वास जी ने विद्यार्थियों को नए सत्र की शुभकामनाएं व आशीर्वाद देते हुए लक्ष्य निर्धारित कर निरंतर प्रयास करने को कहा। स्कूल की प्रधानाचार्या श्रीमती अंजू सिंगला जी ने अपने भाषण द्वारा विद्यार्थियों को नए सत्र में प्रवेश करने से पहले शुभकामनाएं दी ।

उन्होंने कहा की समय इंसान को सफल नहीं बनाता, समय का सही इस्तेमाल इंसान को सफल बनाता है। इन शब्दों के साथ उन्होंने विद्यार्थियों को कड़ी मेहनत कर अपनी प्रतिभा दिखाने के लिए प्रेरित किया। नव सत्र के प्रथम दिन सभी विद्यार्थियों और अध्यापिकाओं ने प्रीति भोज का आनंद लिया। सभी विद्यार्थियों के लिए डांस, जुम्बा,कराटे एक्टिविटीस का भी आयोजन किया गया।कक्षा अध्यापिकाओं ने कक्षा में विद्यार्थियों के नए दिन की शुरुआत में सर्वप्रथम अपना परिचय देते हुए बच्चों को कहानी, कविता व गेम्स अंताक्षरी, बैलून फोड़ने इत्यादि के साथ बच्चों का मनोरंजन किया।

लिवासा अस्पताल अमृतसर एडवांस्ड मेडिकल डायग्नोस्टिक में अग्रणी

सिटीन्यूज़ नॉउ

अमृतसर: आधुनिक चिकित्सा में ऐसे मामले तेजी से सामने आ रहे हैं जिनमें लक्षण किसी विशिष्ट बीमारी की ओर स्पष्ट रूप से इशारा नहीं करते। जिन मरीजों को अस्पष्ट लक्षण जैसे कि बिना कारण वजन कम होना, भूख न लगना या पेट में तकलीफ होती है, उन्हें तुरंत फेफड़ों की बीमारी होने का संदेह नहीं होता।

लिवासा अस्पताल अमृतसर में हाल के नैदानिक अनुभव से पता चलता है कि गहन जांच और उन्नत तकनीकें छिपे हुए निदानों को उजागर कर सकती हैं और जीवन बचा सकती हैं।हाल ही में एक जटिल मामले में,प्रारंभिक मूल्यांकन से गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल और पैंक्रियाटिक संबंधी समस्याओं का संकेत मिलाए लेकिन आगे की इमेजिंग से फेफड़ों में संक्रमण के साथ.साथ छाती में बढ़े हुए लिम्फ नोड्स का पता चला।

सलाहकार-इंटरवेंशनल पल्मोनोलॉजी, डॉ बलजोत सिंह ने एंडोब्रोंकियल अल्ट्रासाउंड और क्रायो-नोडल बायोप्सी जैसी उन्नत प्रक्रियाओं का उपयोग करते हुए निदान प्रक्रिया का नेतृत्व किया।फैसिलिटी डायरेक्टर-लिवासा अस्पताल अमृतसर, राजीव कुंद्रा ने कहा, यह मामला इस बात का सशक्त उदाहरण है कि सही विशेषज्ञता, तकनीक और टीम वर्क किस प्रकार मरीजों के इलाज के परिणामों को बदल सकते हैं।

पार्क ग्रेशियन अस्पताल, मोहाली में थायराइड ट्यूमर सफलतापूर्वक निकाला

सिटीन्यूज़ नॉउ

चंडीगढ़: पार्क ग्रेशियन अस्पताल, मोहाली में डॉक्टरों ने 65 वर्षीय महिला मरीज के सफलतापूर्वक 5 किलो का दुर्लभ थायराइड ट्यूमर सफलतापूर्वक रिमूव किया।मरीज को पिछले कुछ महीनों से गर्दन में लगातार बढ़ती सूजनए खाना निगलने में कठिनाई, आवाज में भारीपन और सांस लेने में तकलीफ की शिकायत के साथ अस्पताल लाया गया था।

वरिष्ठ ऑन्कोलॉजिस्ट, डॉ. संदीप कुक्कड़ ने बताया कि शुरुआत में एक छोटी सी सूजन थी जो धीरे-धीरे वर्षों में जानलेवा स्थिति में बदल गई, जिससे महत्वपूर्ण नसों और रक्त वाहिकाओं पर गंभीर दबाव पड़ रहा था।

पार्क अस्पताल में ऑन्को-सर्जरी, कार्डियोथोरेसिक सर्जरी, ईएनटी, न्यूक्लियर मेडिसिन और गहन चिकित्सा इकाई के विशेषज्ञों की एक मल्टीडिसीप्लिनरी टीम ने सुरक्षित और प्रभावी उपचार सुनिश्चित करने के लिए क्लोज़ कोऑर्डिनेशन से काम किया।डॉ गिरधर गोपाल और डॉ सिद्धार्थ गर्ग द्वारा रोगी की सफल टोटल थायरॉयडेक्टॉमी और लिम्फ नोड डिसेक्शन सर्जरी से बड़े ट्यूमर को पूरी तरह से हटा दिया गया।

थायराइड संबंधी जटिलताओं से बचने के उपाय: गर्दन में लगातार सूजन को नजरअंदाज न करें-जल्दी डॉक्टर से सलाह लें, निगलने, सांस लेने में कठिनाई या आवाज़ में बदलाव जैसे लक्षणों पर ध्यान दें डर के कारण इलाज में देरी न करें, क्योंकि समय पर इलाज से जटिलताओं को रोका जा सकता है.

83 वर्षीय अंगदाता को श्रद्धांजलि: नेत्रदान से दो लोगों को मिला नया जीवन

सिटीन्यूज़ नॉउ

पंचकूला: अंगदान और विशेष रूप से नेत्रदान के प्रति बढ़ती जागरूकता के बीच पंचकूला से एक प्रेरणादायक उदाहरण सामने आया है। 83 वर्षीय सत्या रानी के निधन के बाद उनके परिवार ने उनकी इच्छा का सम्मान करते हुए पारस हेल्थ पंचकुला में उनकी आँखें दान कीं। यह निर्णय न केवल मानवता की मिसाल है, बल्कि समाज में अंगदान के महत्व को भी मजबूत संदेश देता है।सत्या रानी पिछले एक महीने से एडवांस स्टेज ओवेरियन कैंसर से जूझ रही थीं, जो पेरिटोनियल मेटास्टेसिस तक फैल चुका था।

भारत में हर वर्ष लगभग 1 लाख कॉर्नियल ट्रांसप्लांट की आवश्यकता होती है, लेकिन दान की संख्या अभी भी काफी कम है। हर साल 25,000 से 30,000 लोग कॉर्नियल अंधता का शिकार होते हैं, जिसे समय पर नेत्रदान से रोका जा सकता है।स्वास्थ्य विशेषज्ञों का मानना है कि अंगदान को लेकर समाज में अभी भी जागरूकता की कमी है।

पारस हेल्थ पंचकुला ने शोक संतप्त परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि ऐसे प्रेरणादायक कदम समाज को यह संदेश देते हैं कि मृत्यु के बाद भी जीवन को रोशनी दी जा सकती है। विशेषज्ञों ने लोगों से अपील की कि वे आगे आकर अंगदान का संकल्प लें और दूसरों के जीवन में उजाला लाने का माध्यम बनें।

गोहाना मंडी में सरसों के दामों में रिकॉर्ड — तिहाड़ किसान को ₹7015 प्रति क्विंटल

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सिटीन्यूज़ नॉउ

गोहाना: सोनीपत जिले की गोहाना अनाज मंडी में आज सरसों की बिक्री के दौरान एक नया रिकॉर्ड देखने को मिला। गांव तिहाड़ मलिक के युवा किसान विकास मलिक की सरसों की फसल दिन के सबसे ऊंचे भाव ₹7015 प्रति क्विंटल पर बिकी।मंडी में जहां अधिकांश किसानों की सरसों न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) के आसपास ₹6200 से ₹6300 प्रति क्विंटल के बीच बिकी, वहीं विकास मलिक ने अपनी फसल का सर्वोच्च मूल्य प्राप्त कर सबका ध्यान आकर्षित किया।

विकास मलिक ने बताया कि उन्होंने फसल की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया, जिसके चलते उन्हें यह बेहतर कीमत मिली।उल्लेखनीय है कि विकास मलिक, भगत फूल सिंह महिला विश्वविद्यालय में कार्यरत डॉ. विजय मलिक (असिस्टेंट प्रोफेसर) के छोटे भाई हैं। उनकी इस उपलब्धि से क्षेत्र के अन्य किसानों को भी प्रेरणा मिलेगी।

कृषि विशेषज्ञों का मानना है कि अच्छी गुणवत्ता, सही समय पर कटाई और बेहतर प्रबंधन के माध्यम से किसान अपनी फसल का अधिकतम मूल्य प्राप्त कर सकते हैं।इस अवसर पर किसान रणबीर मलिक एवं विरेंद्र मलिक भी साथ रहे।

लिवासा अस्पताल अमृतसर में क्लासिकल हॉजकिन लिंफोमा का सफल इलाज किया गया

सिटीन्यूज़ नॉउ

अमृतसर: लिवासा अस्पताल अमृतसर में प्रारंभिक चरण के क्लासिकल हॉजकिन लिंफोमा से पीड़ित 42 वर्षीय महिला का सफलतापूर्वक इलाज किया गया।मरीज को पहले कोई चिकित्सीय इतिहास नहीं था। लगभग दो महीने से उनकी गर्दन के दाहिनी ओर सूजन थी। नैदानिक जांच में क्लासिकल हॉजकिन लिंफोमा की पुष्टि हुई।

लिवासा अस्पताल अमृतसर के सलाहकार मेडिकल ऑन्कोलॉजिस्ट और हेमेटो-ऑन्कोलॉजिस्ट डॉ. अमृतजोत सिंह रंधावा ने बताया कि पीईटी-सीटी इमेजिंग सहित विस्तृत मूल्यांकन से पता चला कि बीमारी एक ही स्थान पर सीमित है और जिसके ठीक होने की संभावना बहुत अधिक है। मरीज को मानक एबीवीडी की मोथेरेपी के तीन चक्र दिए गए, जिसके साथ निरंतर निगरानी और व्यापक सहायक देखभाल भी प्रदान की गई।

डॉ. अमृतजोत सिंह रंधावा ने आगे कहा कि कैंसर अब डरने की चीज नहीं है – बल्कि जिसका समझदारी से इलाज किया जाना चाहिए।सही दृष्टिकोण और समय पर देखभाल से पूर्ण स्वास्थ्य लाभ संभव है। उन्होंने कहा कि विशेष रूप से प्रारंभिक चरण के हॉजकिन लिंफोमा में, उचित प्रबंधन से उत्कृष्ट उपचार दर प्राप्त होती है।

गुरुद्वारा अकाल आश्रम सोहाना में वार्षिक गुरमत समागम के दूसरे दिन उमड़ा श्रद्धा का जन सैलाब

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सैकड़ों प्राणियों ने ग्रहण की ‘अमृत की दात’; पंथ प्रसिद्ध रागियों और कथावाचकों ने संगत को नाम-बाणी से जोड़ा

सिटीन्यूज़ नॉउ

मोहाली: सोहना स्थित गुरुद्वारा गुरशब्द प्रकाश अकाल आश्रम साहिब में चल रहे तीन दिवसीय वार्षिक गुरमत समागम के दूसरे दिन शनिवार को हजारों की संख्या में संगत ने हाजिरी भरी। यह समागम पंथ रत्न भाई साहिब भाई जसबीर सिंह जी खालसा (खन्ने वाले) की मीठी याद में और संत बाबा अत्तर सिंह जी मस्तूआणा साहिब वालों के आशीर्वाद से आयोजित किया जा रहा है।

समागम की जानकारी देते हुए गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के प्रधान गुरमीत सिंह ने बताया कि दूसरे दिन का मुख्य आकर्षण ‘अमृत संचार’ रहा, जिसमें सैकड़ों प्राणियों ने खंडे-बाटे की पाहुल प्राप्त कर गुरु वाले बनने का सौभाग्य प्राप्त किया। उन्होंने बताया कि अमृत छकाने का यह कार्य समागम के अंतिम दिन 29 मार्च को भी जारी रहेगा।

दिन भर चले दीवान में भाई सुरजीत सिंह, भाई जसपाल सिंह और भाई मनजिंदर सिंह रबाबी सहित कई प्रसिद्ध जत्थों ने कीर्तन के माध्यम से संगत को निहाल किया। सिंह साहिब ज्ञानी रंजीत सिंह (बंगला साहिब) और ज्ञानी सरबजीत सिंह लुधियाना वालों ने गुरबाणी की व्याख्या करते हुए गुरु के मार्ग पर चलने की प्रेरणा दी।

रात के विशेष दीवान में श्री दरबार साहिब के हेड ग्रंथी सिंह साहिब ज्ञानी अमरजीत सिंह और भाई साहिब भाई दविंदर सिंह जी खालसा खन्ने वालों ने विशेष रूप से शिरकत की। प्रधान गुरमीत सिंह ने संगत का धन्यवाद करते हुए अपील की कि 29 मार्च को समागम के अंतिम दिन भी बड़ी संख्या में पहुँचकर गुरबाणी कीर्तन का लाभ उठाएं।

हर्निया पर चौथा द्विवार्षिक कॉन्फ्रेंस चंडीगढ़ में आज से शुरू

सिटीन्यूज़ नॉउ

चंडीगढ़: हर्निया सर्जरी के क्षेत्र में एक प्रतिष्ठित शैक्षणिक मंच, यंग हर्निया सोसाइटी ऑफ इंडिया कॉन्फ्रेंस सीरीज , कल से यहां अपना दो दिवसीय चौथा द्विवार्षिक राष्ट्रीय सम्मेलन – यंग एचएसआईसीओएन 2026–आयोजित करने जा रही है। यह कॉन्फ्रेंस हर्निया सोसाइटी ऑफ इंडिया के तत्वावधान में एसोसिएशन ऑफ सर्जन्स ऑफ इंडिया के पंजाब चैप्टर के सहयोग से आयोजित किया जा रहा है।

शुक्रवार को यहां एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में जानकारी देते हुए, कॉन्फ्रेंस के आयोजन आर्गेनाइजिंग चेयरमैन डॉ. अनुपम गोयल ने कहा कि चंडीगढ़ में चौथे द्विवार्षिक कॉन्फ्रेंस की मेजबानी करना हमारे लिए गर्व की बात है, क्योंकि हम देश भर के कुछ बेहतरीन सर्जिकल माइंड्स को एक साथ ला रहे हैं। इस कॉन्फ्रेंस में 400 से अधिक अग्रणी सर्जन भाग लेंगे, जिनमें 250 क्षेत्रीय प्रतिनिधि, 100 राष्ट्रीय विशेषज्ञ और 75 उद्योग जगत के पेशेवर शामिल हैं।

यह सम्मेलन हर्निया सर्जरी के क्षेत्र में सबसे महत्वपूर्ण सम्मेलनों में से एक है। इस आयोजन में एक व्यापक वैज्ञानिक कार्यक्रम प्रस्तुत किया जाएगा, जिसमें मास्टर वीडियो सर्जिकल सत्र, पैनल चर्चाएं, शोध प्रस्तुतियां और लैप्रोस्कोपिक और रोबोटिक हर्निया सर्जरी में नवीनतम प्रगति पर विचार-विमर्श शामिल हैं।

फेनेस्टा ने लुधियाना में दूसरे शोरूम के साथ पंजाब में अपना फुटप्रिन्ट बढ़ाया

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यह राज्य में कंपनी का 10वां शोरूम है

सिटीन्यूज़ नॉउ

लुधियाना : दरवाज़ों और खिड़कियों के लिए भारत के नंबर 1 ब्राण्ड फेनेस्टा ने लुधियाना में दूसरे शोरूम के लॉन्च के साथ पंजाब में अपनी मौजूदगी का विस्तार किया है। एस.सी ट्रेडिंग कंपनी द्वारा संचालित यह शोरूम 16-के, फिरोज़पुर रोड़, पीएयू गेट नंबर 1, सराभा नगर, लुधियाना पर स्थित है, जो फेनेस्टा के आधुनिक फेनेस्ट्रेशन समाधानों को क्षेत्र के मुख्य रिहायशी एवं कमर्शियल मार्केट्स में एक में उपभोक्ताओं के और करीब लेकर आएगा।

नए लॉन्च किए गए शोरूम में उपभोक्ता फेनेस्टा के व्यापक प्रोडक्ट पोर्टफोलियो का अनुभव पा सकेंगे, जिसमें यूपीवीसी, एलुमिनियम विंडोज़ एवं डोर्स, सोलिड पैनल डोर और फॉसेड्स शामिल हैं। प्रोडक्ट्स का बेहतर अनुभव प्रदान करने के लिए डिज़ाइन किया गया हैं।

यह नया शोरूम उपभोक्ताओं एवं उद्योग जगत के पेशेवरों को फेनेस्टा की व्यापक प्रोडक्ट रेंज का प्रत्यक्ष अनुभव प्रदान करेगा, जिससे वे रिहायशी एवं कमर्शियल प्रोजेक्ट्स के लिए सोच-समझ कर अपनी पसंद के प्रोडक्ट खरीदने का फैसला ले सकेंगे।

लुधियाना शोरूम उत्कृष्ट डिज़ाइन वाले आधुनिक एवं भरोसेमंद प्रोडक्ट्स उपलब्ध कराने पर ब्राण्ड के फोकस को दर्शाता है। देश भर में 400 से अधिक डीलरों के बढ़ते नेटवर्क तथा नेपाल, भूटान, मालदीव्स और श्रीलंका, घाना और केन्या जैसे देशों में मौजूदगी के साथ फेनेस्टा इनोवेशन, गुणवत्ता और सस्टेनेबिलिटी पर फोकस जारी रखे हुए है.

विश्व टीबी दिवस- टीबी के खिलाफ लड़ाई में समय पर इलाज महत्वपूर्ण: मैक्स

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सिटीन्यूज़ नॉउ

चंडीगढ़: मैक्स अस्पताल, मोहाली के डॉक्टरों ने टीबी के खिलाफ लड़ाई में शीघ्र निदान के महत्व पर जोर देते हुए समय पर इलाज और निरंतर जागरूकता पर बल दिया।मैक्स अस्पताल मोहाली के पल्मोनोलॉजी सलाहकार डॉ. कपिल कुमार ने कहा की टीबी विश्व स्तर पर सबसे महत्वपूर्ण संक्रामक रोगों में से एक है और भारत में भी एक प्रमुख सार्वजनिक स्वास्थ्य चिंता का विषय बना हुआ है।

उन्होंने आगे कहा कि टीबी एक ऐसा संक्रमण है जो मुख्य रूप से फेफड़ों को प्रभावित करता है। हालांकि इसका इलाज एंटीबायोटिक दवाओं से किया जा सकता है, लेकिन समय पर इलाज न होने पर यह गंभीर हो सकता है।टीबी के इलाज के बारे में बात करते हुए, डॉ. कपिल ने कहा कि टीबी का प्राथमिक उपचार कम से कम 6 महीने तक एंटीबायोटिक दवाओं का सेवन करना है।

उन्होंने बताया कि यदि टीबी मस्तिष्क, रीढ़ की हड्डी या हृदय के आसपास के क्षेत्र में फैल गया है, तो रोगी को कुछ हफ्तों तक स्टेरॉयड दवा लेने की भी आवश्यकता हो सकती है।डॉ. कपिल ने चेतावनी दी कि स्वयं उपचार बंद करना अत्यंत महत्वपूर्ण है। रोगियों को केवल डॉक्टर की सलाह पर ही दवा बंद करनी चाहिए।