कार्यस्थल पर कर्मचारियों की खुशी से बढ़ती है उत्पादकता व जुड़ाव
सिटीन्यूज़ नॉउ
चंडीगढ़। कार्यस्थल पर किस तरह से खुश रहा जाए इसी उद्देश्य के साथ पीएचडी चैंबर ऑफ कामर्स एंड इंडस्ट्री द्वारा हैप्पीफाईयू के सहयोग से पीएचडी हाउस में हेप्पीनेस एंड वेलबिंग एट वर्कप्लेस-2025 पर सेमिनार का आयोजन किया गया। इसका उद्देश्य था की किसी भी कामकाजी व्यक्ति का अधिकतर समय अपने कार्यस्थल पर व्यतीत होता है।
पीएचडीसीसीआई के हरियाणा राज्य चैप्टर के सह-अध्यक्ष एडवोकेट लोकेश जैन ने इस बात पर ज़ोर दिया कि कर्मचारी की खुशी और भावनात्मक कल्याण उत्पादकता, जुड़ाव और कर्मचारियों को बनाए रखने के प्रमुख निर्धारक हैं। सिम्प्ली ग्रुप के सीईओ रजनीश सिंह ने नेतृत्व शैली और संचार पारदर्शिता के बारे में अपने विचार साझा किए कि कैसे कर्मचारियों की अपनेपन की भावना और प्रेरणा में योगदान होता है।
कार्यस्थल पर कर्मचारियों के सामने आने वाली चुनौतियों पर पहली पैनल चर्चा का संचालन आलोक सक्सेना ने किया, जिसमें सुश्री पूर्वा चिबर,निदेशक, पीपल एंड कल्चर ग्रेस्टार सर्विसेज जैसे प्रतिष्ठित वक्ताओं ने भाग लिया, महिंद्रा एंड महिंद्रा स्वराज डिवीजन के मानव संसाधन,सीएसआर उपाध्यक्ष अरुण राघव ने बताया कि कैसे कार्यस्थल की बदलती अपेक्षाओं के लिए संगठनों को अपनी नीतियों में बदलाव करना जरूरी है।
इस अवसर पर प्लैनेट साइकोलॉजी, ट्रेनिंग एंड कंसल्टेंसी की संस्थापक और सीईओ डॉ. शिल्पा सूरी, राउंडग्लास के द्विज सेठ, चितकारा यूनिवर्सिटी के चीफ हैप्पीनेस ऑफिसर मानव बंसल ने अपने विचार व्यक्त किए।

