सिटीन्यूज़ नॉउ
अमृतसर: गुरु नानक देव विश्वविद्यालय की सिंडिकेट ने पंजाबी भाषा एवं साहित्य के प्रतिष्ठित विद्वान डॉ. जसविंदर सिंह को ‘प्रोफेसर ऑफ एमिनेंस’ नियुक्त किया है। विश्वविद्यालय के उपकुलपति प्रो. करमजीत सिंह ने इस नियुक्ति को पंजाबी विभाग के लिए गौरवपूर्ण उपलब्धि बताया।डॉ. जसविंदर सिंह पंजाबी साहित्य, संस्कृति और आलोचना के क्षेत्र में अपनी विशिष्ट पहचान रखते हैं।
वह पंजाबी विश्वविद्यालय, पटियाला में प्रोफेसर एवं डीन अकादमिक मामलों के रूप में सेवाएं दे चुके हैं। उन्होंने ‘पंजाबी सभ्याचार: पछान-चिह्न’ और ‘नवीं पंजाबी कविता: पछान-चिह्न’ जैसी महत्वपूर्ण संदर्भ पुस्तकों की रचना की है, जिन्हें शोध और आलोचना के क्षेत्र में विशेष स्थान प्राप्त है।रचनात्मक साहित्य में भी उनका योगदान उल्लेखनीय रहा है। उनके कहानी संग्रह ‘खूह खाते’ और ‘घर दा जी’ तथा उपन्यास ‘मात लोक’ और ‘सुर्ख साज़’ व्यापक रूप से सराहे गए हैं।
वर्ष 2015 में ‘मात लोक’ के लिए उन्हें साहित्य अकादेमी पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। इसके अलावा भाषा विभाग, पंजाब का ‘शिरोमणि पंजाबी लेखक’ सम्मान सहित अनेक प्रतिष्ठित पुरस्कार उन्हें प्राप्त हो चुके हैं।करीब 38 वर्षों के शैक्षणिक जीवन में उन्होंने पंजाबी विश्वविद्यालय में अध्यापन किया तथा उनके निर्देशन में 44 शोधार्थियों ने पीएचडी पूरी की।
अमेरिका, कनाडा, इंग्लैंड और पाकिस्तान में आयोजित अंतरराष्ट्रीय सम्मेलनों में भी उन्होंने मुख्य वक्ता के रूप में भाग लिया। विश्वविद्यालय प्रशासन ने विश्वास जताया कि डॉ. जसविंदर सिंह के अनुभव, विद्वता और नेतृत्व से पंजाबी विभाग को नई दिशा और मजबूती मिलेगी।

