सिटीन्यूज़ नॉउ
चंडीगढ़: जॉइंट एक्शन कमेटी ऑफ टीचर्स, यूटी चंडीगढ़ के आह्वान पर शिक्षकों एवं कर्मचारियों ने लंबित मांगों को लेकर सेक्टर-17 परेड ग्राउंड में विशाल शक्ति प्रदर्शन किया। प्रदर्शन की गूंज गवर्नर हाउस तक पहुंची। भारतीय मजदूर संघ (BMS) चंडीगढ़ के वरिष्ठ पदाधिकारियों तथा संगठन मंत्री श्री निरंजन कुमार ने प्रदर्शन में शामिल होकर मांगों का समर्थन किया।
निरंजन कुमार ने गेस्ट एवं कॉन्ट्रैक्ट शिक्षकों-कर्मचारियों के नियमितीकरण तथा रेगुलर शिक्षकों की छुट्टियों से जुड़े विवाद का तत्काल समाधान करने की मांग की। प्रदर्शन को चंडीगढ़ यूटी एसएस फेडरेशन, यूटी कैडर एजुकेशनल एम्प्लॉइज यूनियन, गवर्नमेंट टीचर यूनियन और चंडीगढ़ सिटी ब्यूटीफुल टीचर्स एसोसिएशन का समर्थन मिला।
कमेटी ने 1 अप्रैल 2022 से हाफ पे लीव बहाल करने, UT कैडर के Recruitment Rules अंतिम रूप देकर पदोन्नति देने, CL, HPL, चिकित्सा व CGHS सुविधाएं बढ़ाने, वाइस प्रिंसिपल पद स्वीकृत करने और प्रधानाचार्यों की ग्रेड-पे विसंगति दूर करने की मांग की। 2015 बैच के लंबित लाभ तथा गेस्ट, कॉन्ट्रैक्ट व SSA शिक्षकों का बकाया DA जारी करने की भी मांग उठी।
इसके अलावा गेस्ट, कॉन्ट्रैक्ट व SSA शिक्षकों के नियमितीकरण, SSA वोकेशनल टीचर्स, STT शिक्षकों व काउंसलर्स को नौकरी की सुरक्षा एवं 12 माह का वेतन, वोकेशनल शिक्षकों को मातृत्व लाभ व वेतन वृद्धि, CRC-URC स्टाफ का TGT के समान वेतन और STC शिक्षकों के लिए ₹21,000 न्यूनतम वेतन की मांग रखी गई। एडेड स्कूलों में Grant-in-Aid Rules लागू करने तथा चंडीगढ़वासियों के लिए सरकारी नौकरियों में 50% कोटा देने की मांग भी शामिल रही।
प्रधान रणबीर राणा व महासचिव शिव मूरत यादव ने कहा कि संघर्ष न्याय, पारदर्शिता, नौकरी की सुरक्षा और अधिकारों के लिए है। मांगें शीघ्र पूरी न होने पर आंदोलन और तेज करने की चेतावनी दी।

