सिटीन्यूज़ नॉउ
अमृतसर: चंडीगढ़ हेल्थकेयर एंड एकेडमिक्स फाउंडेशन (CHAF) ने मैक्स सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल, मोहाली तथा अमृतसर गैस्ट्रो साइंसेज़ फोरम (AGF) के सहयोग से होटल ताज स्वर्णा में “हेपेटोसेलुलर कार्सिनोमा (HCC) के प्रबंधन में नवीनतम प्रगति” विषय पर शैक्षणिक बैठक आयोजित की। कार्यक्रम में अमृतसर और आसपास के क्षेत्रों के गैस्ट्रोएंटेरोलॉजिस्ट, फिजिशियन, सर्जन, ऑन्कोलॉजिस्ट तथा अन्य स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने भाग लेकर लीवर कैंसर के उपचार में आ रही नई तकनीकों और बदलती चिकित्सा पद्धतियों पर विचार-विमर्श किया।
मुख्य वक्ता डॉ. तेगबीर सिंह सिद्धू, प्रिंसिपल कंसल्टेंट, इंटरवेंशनल रेडियोलॉजी, मैक्स सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल, मोहाली ने हेपेटोसेलुलर कार्सिनोमा (HCC) के निदान और उपचार में इंटरवेंशनल रेडियोलॉजी, इमेज-गाइडेड मिनिमली इनवेसिव प्रक्रियाओं, टार्गेटेड थेरेपी, इम्यूनोथेरेपी तथा मल्टीडिसिप्लिनरी उपचार पद्धति की बढ़ती भूमिका पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने ट्रांसआर्टेरियल रेडियोएम्बोलाइजेशन (TARE) को चयनित मरीजों के लिए प्रभावी लीवर-डायरेक्टेड उपचार बताते हुए इसके लाभ, उपयुक्त रोगी चयन और बेहतर परिणामों पर प्रकाश डाला।
बैठक का आयोजन अमृतसर गैस्ट्रो साइंसेज़ फोरम के अध्यक्ष डॉ. जगदीप सिंह और सचिव डॉ. जे.एस. सिद्धू के नेतृत्व में किया गया। विशेषज्ञों ने कहा कि निरंतर चिकित्सा शिक्षा (CME) चिकित्सकों को नवीनतम साक्ष्य-आधारित उपचार पद्धतियों से अपडेट रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
डॉ. तेगबीर सिंह सिद्धू ने कहा कि आधुनिक इंटरवेंशनल रेडियोलॉजी तकनीकों और नई सिस्टमिक थेरेपी के कारण लीवर कैंसर के उपचार में उल्लेखनीय बदलाव आया है तथा ऐसे शैक्षणिक मंच विशेषज्ञों के बीच ज्ञान के आदान-प्रदान और मरीजों को बेहतर उपचार उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। कार्यक्रम का समापन प्रश्नोत्तर सत्र और विशेषज्ञों की नेटवर्किंग के साथ हुआ।

